Breaking
27 Mar 2026, Fri

thirdeyevision कहीं श्रावण में शिव जी की अभिषेक की तैयारी तो, कहीं जस गीत की महिमा, तो कहीं छोटे बच्चों के पुंसवन संस्कार..


अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के मार्गदर्शन में गायत्री शक्तिपीठ राजिम द्वारा गायत्री प्रज्ञापीठ बेलटुकरी में श्रीमती मनीषा टीकमचंद यादव, बिनु योगलाल साहू,चांदनी पीताम्बर तारक,बरखा विनिश हिरवानी,प्रीति किशन साहू,दिलेश्वरी दुर्गेश तारक,गूंजा पूनमचंद साहू,लकेश्वरी मुकेश धीवर10 माताओं का यज्ञीय वातावरण में पुंसवन (गर्भोत्सव) संस्कार किया गया साथ ही कु.देविका यादव,योगेंद्र तारक,मुनेश साहू, पार्थी तारक 4 बच्चों का अन्नप्राशन किया गया।जिसमे गायत्री शक्तिपीठ के सहायक प्रबंध ट्रस्टी ने बताया कि आज के दौर में बच्चे बहुत बिगड़ते जा रहे है इसका कारण माता पिता और परिवार में बच्चो के प्रति ध्यान न देना भी है बचपन से ही उसके आदत व्यवहार में सुधार लाना आवश्यक है। छोटे छोटे बच्चे चोरी,दुर्व्यसन,गलत संगति में फंस कर अपना जीवन बर्बाद करते जा रहे है।घर में किसी तरह कोई तनाव अगर गर्भवती के ऊपर पड़ेगा तो उसका असर भी बच्चे पर पढ़ता है। इसलिए बच्चों का निर्माण गर्भ में ही होता है। बाकी तो वह बाहरी दुनियां के लोगो से सीखता है।इसलिए गर्भवती को बड़े इन दिनों में अपने और बच्चे के प्रति सावधानी देना पढ़ता है।अपने दैनिक जीवन चर्या में प्रात: उठना, बड़ो को प्रणाम, सादा भोजन,घर में शांति बनाए रहना, अच्छे साहित्य को पढ़ना चाहिए इसका भी असर बच्चे पर पढ़ता है इसलिए बच्चे का निर्माण माता गर्भ में ही करे इसके साथ ही जिन बच्चो का अन्नप्राशन हुआ है उन्हे सादा भोजन खिलाना चाहिए यह शुरू का खिलाया अन्न बच्चे के शरीर के साथ साथ मन का निर्माण होता है कहा जाता है – जैसा खाए अन्न वैसा बने मन।इन बातों को बच्चे के माता पिता परिवार वाले ध्यान दे कि उन्हे कैसा बालक चाहिए।इस कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ओम बाई साहू,मंजू साहू, नंदनी साहू,ललिता साहू, चित्र रेखा साहू साथ दिनेश कुमार,ठाकुर राम,घनाराम साहू,नूतन तारक , रमशिला बाई ,मैना बाई आदि परिजनों का सहयोग रहा इसके बाद शासकीय प्राथमिक शाला आबादीपारा बेलटुकरी में ही नवप्रवेशी 13 बच्चो का विद्यारंभ संस्कार और हिरेंद साहू, भाग्यश्री तारक, तृषा साहू, अनन्या तारक, अनुष्का तारक 6 बच्चों का जन्मदिवस मनाया गया। बच्चो को पढ़ाई किस तरह करे अपना दिनचर्या कैसा हो यह सब बताया गया ताकि पढ़ाई में अव्वल आने के साथ साथ संस्कार भी मिले जो मनुष्य के लिए अनिवार्य है अपना जीवन अच्छे से बीते इसके लिए बड़े ही समझ के साथ कैसे बिताए यह जानना और वैसे ही बिताना चाहिए।यह मनुष्य जीवन अनमोल है इसे शान से जीकर दिखाना उदाहरण प्रस्तुत करना हर मानव का कर्तव्य है।इसलिए गलत राह में कभी भी नहीं चलना चाहिए सोच समझकर जिंदगी जीना है।विद्यालय के प्रधान पाठिका श्रीमती संध्या अवसरिया ने गायत्री परिवार को इस तरह से निः शुल्क सेवाभाव के साथ अपने समय को लोक कल्याण में अर्पित करने वाले मां भगवती महिला मंडल को धन्यवाद दिया स्कूल के शिक्षक तेजराम साहू उपस्थित थे।इसी प्रकार सभी परिजनों से भी आग्रह किया गया कि अपने आस पास के विद्यालयो में इस तरह कार्यक्रम करे गांव को स्वच्छ, सभ्य, सुंदर, शिक्षित, संस्कारित बनाना गांव के हर नागरिक का परम कर्तव्य है। इस लिए सभी परिजनों से निवेदन किया गया कि गुरुजी के संदेश को घर घर पहुंचाने के लिए निकल पड़े,घर घर संपर्क करे और कार्यक्रम करे।इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए गायत्री शक्तिपीठ से हेमलता साहू,लुकेश्वरी दीवान, गीतांजली साहू,दीपा साहू प्रज्ञापीठ बेलटुकरी के सभी परिजनों का भरपूर सहयोग भी मिला।


श्रावण के प्रथम सोमवार १४ जुलाई को राजिम में होगा शिवजी का होगा भव्य जलाभिषेक