वॉशिंगटन, 10 जून। मिडिल ईस्ट में तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। अमेरिकी अपाचे हेलीकॉप्टर गिराए जाने की घटना के बाद अमेरिका ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई शुरू कर दी है। अमेरिकी सेना ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी के कुछ घंटों बाद ईरानी सैन्य ठिकानों पर लक्षित हमले किए हैं।
अमेरिकी सेना की केंद्रीय कमान सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) के अनुसार, होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास मौजूद ईरानी वायु रक्षा प्रणाली, रडार केंद्रों और जमीनी नियंत्रण ठिकानों को निशाना बनाया गया। अमेरिका ने इस कार्रवाई को जवाबी हमला बताते हुए कहा कि यह कदम अमेरिकी सैन्य हितों और क्षेत्रीय सुरक्षा को खतरे में डालने वाली गतिविधियों के जवाब में उठाया गया है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिकी वायु सेना और नौसेना के लड़ाकू विमानों ने संयुक्त अभियान चलाकर इन ठिकानों पर हमले किए। अमेरिका का दावा है कि यह कार्रवाई अपाचे हेलीकॉप्टर गिराए जाने की घटना के बाद की गई है।
उधर ईरानी मीडिया ने केशम द्वीप, बंदर अब्बास, सिरिक और जास्क समेत कई इलाकों में धमाकों की आवाजें सुनाई देने की जानकारी दी है। हालांकि हमलों में हुए नुकसान और हताहतों को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
इससे पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने स्पष्ट रूप से कहा था कि अमेरिकी हेलीकॉप्टर से जुड़ी घटना का जवाब दिया जाएगा और इसके लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया था।


